
रतलाम. ( ivnews ). रचनाकार अकेला कुछ नहीं होता। उसे उसका परिवेश गढ़ता है। रतलाम में हमने साहित्य का एक वातावरण बनाया तो उसमें उस दौर के हर वर्ग का योगदान रहा। सभी को साथ रहने की सीख और साथ चलने के संस्कार इस शहर ने हमें दिए और हम कुछ सकारात्मक कर सके। हर पीढ़ी में यही रचनात्मकता होना चाहिए तभी साहित्यिक परिवेश पल्लवित होता है।

उक्त विचार जनवादी लेखक संघ द्वारा निर्मल शर्मा पर एकाग्र आयोजन में उपस्थित वरिष्ठ कवि निर्मल शर्मा ने व्यक्त किए। उन्होंने कहा कि हम अपने समय के साथ हर उस समय को गढ़ने का भी प्रयास करें जिससे हम वाबस्ता हैं। आपकी रचनाशीलता यदि लोगों के पास रहती है तो यही आपकी सफलता है।
अध्यक्षता करते हुए वरिष्ठ कवि प्रो. रतन चौहान ने कहा कि निर्मल शर्मा ने शहर की एक पीढ़ी को पढ़ने की समझ दी। उन्होंने कंक पत्रिका के माध्यम से देश के साहित्यिक मानचित्र पर रतलाम को स्थापित किया।
इस अवसर पर निर्मल शर्मा के व्यक्तित्व और कृतित्व पर कैलाश व्यास ने कहा कि निर्मल शर्मा ने सवा सेर गेहूं नाटक के माध्यम से हमारी पीढ़ी को रंगकर्म से जोड़ने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। गौरीशंकर शर्मा ने उनके साथ के संस्मरण सुनाए। वरिष्ठ रंगकर्मी ओमप्रकाश मिश्र ने श्री शर्मा के रंगकर्म पर विचार व्यक्त किए। संचालन करते हुए वरिष्ठ रंगकर्मी यूसुफ़ जावेदी ने कहा कि निर्मल शर्मा ने हमें साहित्य में आगे बढ़ने का हौसला दिया है।
इस अवसर पर श्री शर्मा की कविताओं का पाठ आशीष दशोत्तर, कैलाश व्यास, रणजीत सिंह राठौर, डॉ.पूर्णिमा शर्मा, इन्दु सिन्हा, मीनाक्षी मलिक ने किया।
सम्मान भी किया
इस अवसर पर निर्मल शर्मा का दीर्घ साहित्य साधना के लिए विभिन्न साहित्य संगठनों द्वारा अभिनंदन किया गया। इस अवसर पर जनवादी लेखक संघ अध्यक्ष रणजीत सिंह राठौर, सचिव सिद्धीक़ रतलामी, प्रणयेश जैन , डॉ. मोहन परमार, डॉ. एन .के. शाह , सुनील व्यास , विनोद झालानी , मांगीलाल नागावत, प्रकाश हेमावत, सुभाष यादव, हीरालाल खराड़ी, जितेंद्र सिंह पथिक, चरण सिंह यादव सहित साहित्य प्रमुख उपस्थित थे । अंत में सचिव सिद्धीक़ रतलामी ने आभार व्यक्त किया।
दानिश अलीगढ़ी पर केंद्रित आयोजन 10 अगस्त को
जनवादी लेखक संघ रतलाम द्वारा ‘एक रचनाकार का रचना संसार’ श्रृंखला की पांचवी कड़ी में शहर के वरिष्ठ ग़ज़लकार रहे दानिश अलीगढ़ी की रचनाओं का पाठ 10 अगस्त को प्रातः 11 बजे भगतसिंह पुस्तकालय शहर सराय रतलाम पर आयोजित कार्यक्रम में शहर के रचना प्रेमी करेंगे। जनवादी लेखक संघ ने शहर के सुधिजनों से आग्रह किया है कि आयोजन में उपस्थित रहकर आयोजन को सार्थक बनाएं।
