रतलाम ( ivnews ).रतलाम मन को वश में रखना चाहिए तथा मन को वश में रखकर प्रभु चरणों की भक्ति में लगा देना चाहिए अगर मन वश में होगा तो सब कार्य सिद्ध होंगे यह बात श्री कालिका माता सत्संग हॉल में रत्नावत परिवार द्वारा आयोजित श्रीमद् भागवत कथा के दौरान कथा वाचिका देवप्रिया माही किशोरी श्री धाम वृन्दावन ने उपस्थित श्रद्धालुओ से कही

उन्होंने कहा कि जब भगवान कृष्ण का जन्म हुआ तो आधी रात को जमुना जी का जुमना उछलने लगा कंस के कारागार के प्रहरी सो गए चारों ओर मंगल गान गुजने लगे आकाश से देवताओ ने पुष्प वर्षा की तथा देवकी के गर्भ से भगवान श्री कृष्ण ने जन्म लिया छोटे से भगवान कृष्ण को वासुदेव सर पर टोकरी में रखकर उफनती जमुना नदी पार करके गोकुल पहुंचे तथा भगवान कृष्ण को यशोदा मां को सौप दिया कथावाचीका माही किशोरी ने श्री कृष्ण जन्म का सुंदर वाचन करते हुए कहा कि भगवान कृष्ण का जन्म रात 12 बजे हुआ था वहीं भगवान राम का जन्म दोपहर 12 बजे हुआ था। श्रद्धालुओं ने नंद के आनंद भयो जय कन्हैयालाल आलकी के पालकी जय कन्हैया लाल की… भजन पर जमकर नृत्य किया कृष्ण जन्मोत्सव के अवसर पर सभी महिलाएं पीले वस्त्र धारण करके आई थी तथा उन्होंने जमकर नृत्य किया इस अवसर पर माखन मिश्री का प्रसाद वितरित किया गया। मुख्य जजमान हरिश्चंद्र, मधुबाला, शशांक, चहेती रत्नावत, बाबूलाल चौधरी,कीर्ति व्यास, राज मजावदिया, रेखा मजावदिया ,राकेश पोरवाल,
शारदा कैलाश चंद्र फरक्या,सुधा नरेंद्र सेठिया, कमला बाई वैद,संतोषअशोक फरक़िया, रेणु अमर वर्धानी,संदीप व्यास,मंजू रत्नावत, भागीरथ मेवाड़ी,सुरेश साकी,अशोक तिवारी, गोपाल सेठिया,अंजना रामनारायण केरावत ,मंजू राजेंद्र उदिया,अनामिका गिराश सारस्वत,रेणु संजय व्यास आदि उपस्थित थे अंत में आरती कर प्रसादी वितरित की गई।

By V meena

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