
रतलाम। परिवारिक रिश्तों में होने वाले विवादों को अक्सर दूसरे समाजो में सुलझाने के लिए समाजिक पंचायत को बैठाया जाता हैं । लेकिन आदिवासी समाज की सालों पुरानी परम्परा है भांजगड़िया के माध्यम से विवाद सुलझा लिए जाते है । आदिवासी समाज की इस परंपरा को सामाजिक न्याय व समझौता व्यवस्था को पहली बार फ़िल्म के माध्यम से लोगों के बीच लाया जाएगा। इस थीम पर फिल्म ‘भांजगड़िया बनाई जाएगी। इसकी शूटिंग रतलाम जिले सहित आलीराजपुर व बड़वानी की चयनित लोकेशन पर की जाएगी। फ़िल्म निर्माण में प्रयास रहेंगे कि यह यह अवॉर्ड विनर के लिए नामित हो।
यह बात फ़िल्म के डायरेक्टर केआर रेड्डी ने दो बत्ती स्थित होटल में आयोजित पत्रकारवार्ता में कही। वे यहां फ़िल्म से जुड़ी तैयारियों के सिलसिले में रतलाम आए थे।
रेड्डी ने बताया कि वह धर्मेंद, ऋषिकपूर, गोविंदा सहित अन्य की बड़े कलाकारों के साथ कमर्शियल फ़िल्म बना चुके है। दर्शकों का रूझान अब समाज संस्कृति सहित रियल स्टोरी पर बन रही फिल्मो की ओर बढ़ने लगा है। आदिवासी समाज की न्याय व्यवस्था थीम की फ़िल्म भांजगड़िया का सब्जेक्ट भी अच्छा लगा है। इसलिए इस फ़िल्म को बनाने का बीड़ा उठाया है। फ़िल्म में म्यूजिक डायरेक्टर आदित्य गौड़ तथा गीतकार यशपाल तंवर रहेंगे।
इंदौर व रतलाम की खुशबू निराली
फ़िल्म डायरेक्टर रेड्डी ने बताया कि वे हैदराबाद से हवाई यात्रा कर इंदौर होते रतलाम आए। इन दोनों शहर की मिट्टी की खुशबू अलग ही है। लोगों में मेलमिलाप व आत्मीयता देखते ही बनती है। अगली बार यहां आकर फ़िल्म की लोकेशन पर काम पूरा करेंगे। संभवतः एक साल के अंतराल में फ़िल्म पूरी कर ली जाएगी।
साउथ की फिल्मों में कड़ी मेहनत
साउथ व हिंदी फिल्म निर्माण में समानता विषय पर पूछे गए सवाल पर रेड्डी ने कहा कि साउथ की फिल्मों निर्माण के लिए कड़ी मेहनत की जाती है। यही वजह है कि साउथ की फिल्में दूसरी भाषाओं में रिमेक किया जाता है। भांजगड़िया फ़िल्म निर्माण में भी साउथ की तकनीक का इस्तेमाल जरूर होगा।
आदिवासी संस्कृति में भलीभांति परिचित
फिल्म के प्रोड्यूसर अमृत मकवाना ने कहा कि वह पिछले 15 साल से मुंबई में फिल्म लाइन से जुड़े है। मूलतः बांसवाड़ा का निवासी होने से आदिवासी संस्कृति से भलीभांति परिचित हु। यही वजह है कि भांजगड़िया शीर्षक से बनने वाली फिल्म में आदिवासी न्याय व्यवस्था को जनमानस तक पहुंचाया जाएगा। यह समाज की जागृति की दिशा में मिल का पत्थर साबित होगी।
