
रतलाम ( ivnews)
मध्यप्रदेश श्रमजीवी पत्रकार संघ के आव्हान पर अंतरराष्ट्रीय मजदूर दिवस पर शुक्रवार को प्रदेश में पत्रकार सुरक्षा कानून लागू किए जाने की मांग को लेकर भोपाल में प्रांतव्यापी जंगी प्रदर्शन हुआ।
न्यू मार्केट स्थित समन्वय भवन में प्रदेश के विभिन्न जिलों सहित बड़ी संख्या रतलाम- मंदसौर – नीमच जिलों के पत्रकार शामिल हुए । समन्वय भवन में प्रदेश भर से भोपाल पहुंचे पत्रकारों के बीच पहुंचे प्रदेश के उपमुख्यमंत्री राजेंद्र शुक्ला ने मंच से कहा कि जल्द कैबिनेट बैठक में पत्रकार सुरक्षा कानून सहित श्रमजीवी पत्रकार संघ की अन्य मांगों को प्रस्ताव रखकर पत्रकारों के हित में फैसले लिए जाएंगे। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव जी को जबलपुर में हादसे के कारण वहां पहुंचना पड़ा इसलिए मैं आप सबको भरोसा दिलाता हूं कि सरकार पत्रकारों के साथ सदैव खड़ी है।

इसके पहले संघ के प्रांत अध्यक्ष शलभ भदौरिया सहित प्रदेश पदाधिकारी ने प्रदर्शन कार्यक्रम को संबोधित किया और भव्य रैली के रूप में हाथों में तख्तियां लेकर पत्रकार राजधानी की सड़कों पर नारे लगाते चले। चिलचिलाती धूप व 44 डिग्री का तापमान में भी पत्रकारों का हौसला डीगा नहीं और वे अपनी मांगो को लेकर सरकार से निर्णायक भूमिका में नजर आए।

प्रमुख रूप से ये हुए शामिल
इस प्रांत व्यापी रैली प्रदर्शन में प्रदेश सचिव भेरूलाल टांक,रतलाम संभाग के अध्यक्ष प्रीतिपाल सिंह राणा, महासचिव विजय मीणा, रतलाम जिला अध्यक्ष राजेश जैन, मंदसौर जिला अध्यक्ष हेमंत जैन , नीमच जिलाध्यक्ष प्रदीप जैन के साथ तीनो जिलों के पदाधिकारी एवं सदस्य साथी उपस्थित रहे । रतलाम से मुबारिक शेरानी, उपेन्द्र पटोदिया, सिकंदर पटेल, प्रहलाद बारदिया ,राजेंद्र सिंह चौहान सहित जावरा , आलोट शिवगढ़, पिपलोदा एवं ग्रामीण क्षेत्र के पत्रकार शामिल हुए ।
——वादे नहीं निर्णय चाहिये—
श्रमजीवी पत्रकार संघ के जिला अध्यक्ष राजेश जैन एवं संभागीय महासचिव विजय मीणा ने बताया कि भोपाल में प्रदेश भर से एकत्रित हुए पत्रकारों के जोश एवं जज़्बे को देखते हुए यह स्पष्ट हो गया कि संघ के आह्वान पर इस बार प्रदेश भर के कलमकार आर- पार की लड़ाई के मूड में नजर आ रहे हैं। पत्रकार सुरक्षा कानून को लेकर सरकारों द्वारा घोषणाएं व वादे तो कर दिए जाते हैं लेकिन जमीनी स्तर पर इसे लागू करने में हर बार विलंब होता है। ऐसे में संघ के प्रांत अध्यक्ष शलभ भदौरिया जी के नेतृत्व में प्रदेश भर के पत्रकार भोपाल में जूटे और प्रदेश सरकार को जमकर घेरा।
